झालावाड़ जिले में तेज गर्मी से लोगों का हाल बेहाल है। पिछले करीब 1 सप्ताह से 40-42 डिग्री से अधिक का तापमान रहने से आमजन लू के थपेड़ों से परेशान हैं। मंगलवार को दिनभर गर्म हवाएं चलने से बाजारों में भी सन्नाटा पसरा रहा। लू के थपेड़ोंसे बचने के लिए लोग अफने घरों में ही कैद रहे। सिर्फ जरूरी काम होने पर ही लोग घरों से बाहर निकले।
लोगों ने अपने आपको गर्मी से बचाने के लिए कूलर, एसी और पंखे का सहारा लिया।शीतल पेय पदार्थों से लोग गर्मी से बचने का जतन करते दिखाई दिए। शहर के कई इलाकों में पेयजल का छिड़काव भी कराया गया। ऐसे में लोगों ने गर्मी से राहत महसूस की। गर्मी और लू के कारण अस्पतालों में मौसमी बीमारियों के मरीजों की संख्या बढ़ी है। वहीं पानी की खपत भी अधिक बढ़ गई है। ऐसे में विद्युत कटौती भी इस भीषण गर्मी और गर्म हवाओं के चलने से आमजन के लिए कोढ़ में खाज साबित हो रही है।
इधर हाईवे पर यातायात की ड्यूटी कर रहे पुलिस कर्मियों ने बताया कि दोपहर में सड़कों पर गिनती के ही चौपहिया वाहन गुजर रहे हैं जबकि शाम और सुबह इन वाहनों की तादाद बढ़ जाती है। वहीं अखिल भारतीय वाल्मीकि पंचायत की ओर से भीषण गर्मी को देखते हुए सफाई कर्मियों से सुबह 6 बजे से 10 बजे तक ही काम लेने की मांग नगर परिषद आयुक्त से की है।
वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष चौथमल नरवाल के निर्देश पर जिलाध्यक्ष रामू चौहान ने नगर परिषद् झालावाड़ एवं नगरपालिका झालरापाटन दो अलग अलग ज्ञापनआयुक्त को सोपे। इनमें बताया कि इस भीषण गर्मी में पारा 43 से 46 डिग्री तक वर्तमान में चल रहा है। आगे और भी तापमान बढ़ने की संभावना है। ऐसे में सफाई कर्मियों से दो समय सुबह 6 से 10 व दोपहर 2 से 5 बजे तक सफाई कार्य कराया जा रहा है। जो इस गर्मी में बहुत ही दुःखद हैं। ऐसे में सुबह 6 से 10 बजे तक ही काम लेकर राहत प्रदा
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